जहां पूरी दुनिया हाईटेक मशीन के साथ बॉडी बना रही है। वहीं दूसरी ओर मुंगदर भांजने से भी असरदार नतीजे सामने आते हैं। हालांकि आपको इसे चलाने का सही तरीका आना चाहिए। देसी तरीके से बॉडी बनाने का अपना ही मजा है। एक तो इंजरी नहीं होती और ताकत भी भरपूर मिलती है। अगर आप रोज थोड़ा वॉर्मअप के बाद मुंगदर चला लेते हैं, तो इससे कंधे को मजबूती मिलती है। शोल्डर में फ्लेक्सिबिलिटी आने से अकड़न और दर्द की परेशानी नहीं होती। इससे हाथों की ग्रिप अच्छी होती है। मुगदर से जब वर्कआउट करते हैं तो बॉडी भी बैलेंस होती है। एक और बात, ये कार्डियो हेल्थ यानि दिल के लिए भी बहुत फायदेमंद है।
