संजय लीला भंसाली की फिल्मों के सेट हमेशा अपनी भव्यता और लागत के कारण चर्चा में रहते हैं। साउथ की कई बड़ी फिल्मों के सेट भी करोड़ों की लागत से तैयार किए जा रहे हैं। एसएस राजामौली की ‘बाहुबली’ का सेट भी काफी भव्य और महंगा था, लेकिन महंगे और भव्य सेटों का निर्माण भारतीय सिनेमा के उदय के समय से ही चल रहा है। करीब 65 साल पहले जब ‘मुगल-ए-आजम’ बन रही थी, तब सिर्फ एक गाने की शूटिंग के लिए लाखों रुपये की लागत से शीश महल बनाया गया था। आइए जानते हैं इस महल के निर्माण की कहानी और उस दौर में इसकी धूम के बारे में।
